पारंपरिक स्रोत और संपादकीय व्याख्या स्पष्ट रूप से अलग बने रहनी चाहिए।

Divine Astra यह स्पष्ट करने के लिए बनाया गया है कि पारंपरिक स्तर कहाँ समाप्त होता है और चिंतनशील आधुनिक व्याख्या कहाँ से शुरू होती है।

प्राथमिक स्रोत

पाठ-आधार

अस्त्र पृष्ठ जहाँ संभव हो, महाकाव्यों, पुराणों और स्थापित पारंपरिक संदर्भों की ओर लौटते हैं।

संपादकीय स्तर

चिंतनशील व्याख्या

प्रतीकात्मक अर्थ, ट्रिगर पैटर्न और दैनिक अभ्यास पारंपरिक संदर्भ के ऊपर निर्मित संपादकीय मार्गदर्शन हैं।

पारदर्शिता

स्पष्ट लेबलिंग

पाठकों को यह समझ आना चाहिए कि क्या स्रोत-आधारित है, क्या व्याख्यात्मक है, और क्या व्यावहारिक मार्गदर्शन है।